Source Reuters
अहमदाबाद हवाई अड्डे के पास एक हृदय विदारक हादसे में एयर इंडिया का एक विमान, जिसमें 242 जिंदगियां सवार थीं, क्रैश हो गया। इस भयावह दुर्घटना में कई लोगों के मारे जाने की आशंका है, जिसने पूरे देश को सकते में डाल दिया है। प्रारंभिक रिपोर्ट्स के अनुसार, विमान ने अहमदाबाद के सरदार वल्लभभाई पटेल अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे से उड़ान भरी ही थी कि कुछ ही मिनटों में यह काल के गाल में समा गया।
गुरुवार दोपहर को हुए इस दर्दनाक हादसे ने हर किसी को झकझोर कर रख दिया है। बताया जा रहा है कि विमान ने दोपहर करीब 1:38 बजे उड़ान भरी थी और चंद ही लम्हों बाद उसमें गंभीर तकनीकी खराबी आ गई। इसके बाद, विमान हवाई अड्डे के बेहद करीब, मेघानी नगर इलाके में मलबे के ढेर में तब्दील हो गया।
हादसे के तुरंत बाद घटनास्थल से काले धुएं का घना गुबार आसमान में उठता देखा गया, जो मीलों दूर से भी साफ दिखाई दे रहा था। स्थानीय निवासियों ने एक जोरदार धमाके की आवाज सुनी, जिसने पूरे इलाके को दहला दिया, और देखते ही देखते चारों तरफ काला धुआं फैल गया। घटना की जानकारी मिलते ही अग्निशमन विभाग की कई गाड़ियां और प्रशिक्षित बचाव दल तेजी से मौके पर पहुंचे हैं। बचाव अभियान जोरों पर है, लेकिन अभी तक हताहतों की सही संख्या का आकलन नहीं किया जा सका है। अधिकारियों ने आशंका जताई है कि इस भीषण दुर्घटना में बड़ी संख्या में लोगों की जान गई है।
एयर इंडिया ने इस दुखद दुर्घटना की पुष्टि करते हुए एक बयान जारी किया है और कहा है कि वे स्थिति का लगातार आकलन कर रहे हैं। यह दुर्भाग्यपूर्ण विमान लंदन के गैटविक हवाई अड्डे के लिए उड़ान भर रहा था। विमान में 232 यात्री और 10 अनुभवी चालक दल के सदस्य सवार थे, जिनकी नियति अब अनिश्चित है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस दुखद घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है और नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू से बात कर स्थिति का जायजा लिया है। अहमदाबाद हवाई अड्डे से सभी उड़ान संचालन को अगले आदेश तक अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया गया है, जिससे हजारों यात्री फंसे हुए हैं।
जांच एजेंसियां दुर्घटना के गूढ़ कारणों का पता लगाने में युद्धस्तर पर जुट गई हैं। अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि यह हादसा किसी तकनीकी खराबी का परिणाम है या इसके पीछे कोई और जटिल वजह है। यह दुर्घटना भारतीय विमानन इतिहास की सबसे काली घटनाओं में से एक के रूप में दर्ज हो सकती है।
