Source India Today
पटना, 14 नवंबर 2025
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के नतीजों में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) ने ऐतिहासिक जीत की ओर कदम बढ़ा दिया है। मतगणना के शुरुआती रुझानों से ही स्पष्ट हो गया है कि NDA ‘200 पार’ के नारे को साकार करता हुआ दिख रहा है। कुल 243 सीटों में से NDA ने प्रचंड बहुमत हासिल कर लिया है और 200 से अधिक सीटों पर बढ़त बनाए हुए है, जबकि विपक्षी महागठबंधन 35-40 सीटों के आसपास सिमटता दिख रहा है।
NDA का जलवा: भाजपा बनी सबसे बड़ी पार्टी
रुझानों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है, जो लगभग 90-95 सीटों पर आगे चल रही है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की जनता दल (यूनाइटेड) भी 80 से अधिक सीटों पर बढ़त बनाए हुए है। चिराग पासवान की लोक जनशक्ति पार्टी (राम विलास) ने भी इस बार 20 से अधिक सीटों पर मजबूत प्रदर्शन किया है, जो NDA की भारी जीत में महत्वपूर्ण साबित हुआ है। जीतन राम मांझी की हम (HAM) और राष्ट्रीय लोक मोर्चा (RLM) भी अपनी सीटों पर आगे हैं।
महागठबंधन को लगा गहरा झटका
विपक्ष का महागठबंधन, जिसका नेतृत्व राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के तेजस्वी यादव कर रहे थे, बुरी तरह से पिछड़ गया है। RJD की सीटें भी 30 के आसपास सिमटती नजर आ रही हैं। कांग्रेस और अन्य वामदल भी कोई खास कमाल नहीं दिखा पाए हैं। महागठबंधन के कई बड़े चेहरे पीछे चल रहे हैं, जिससे यह स्पष्ट है कि जनता ने एक बार फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की जोड़ी पर भरोसा जताया है।
महिला मतदाताओं का अहम योगदान
चुनावी पंडितों का मानना है कि NDA की इस ऐतिहासिक जीत में महिला मतदाताओं ने एक निर्णायक भूमिका निभाई है। नीतीश कुमार सरकार की महिला-केंद्रित योजनाएं, जैसे कि $10,000 की सीधी सहायता और जीविका मॉडल, महिला वोटरों को NDA के पक्ष में लाने में सफल रहीं।
नतीजों से यह साफ हो गया है कि बिहार की जनता ने ‘जंगलराज’ के पुराने दौर को नकारते हुए सुशासन और विकास की राजनीति को चुना है। यह परिणाम आने वाले वर्षों में बिहार की राजनीतिक दिशा तय करेगा और नीतीश कुमार एक बार फिर बिहार के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे।
