Source CNBC tv 18
नवी मुंबई: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत के विमानन क्षेत्र में एक नए मील के पत्थर, नवी मुंबई अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे (NMIA) के पहले चरण का उद्घाटन किया। ₹19,650 करोड़ की लागत से बना यह ‘ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट’ न केवल मुंबई की भीड़ को कम करेगा, बल्कि अपनी अत्याधुनिक तकनीक, पर्यावरण-अनुकूल डिज़ाइन और यात्री-केंद्रित सुविधाओं के कारण दुनिया के सबसे उन्नत हवाई अड्डों में से एक बन जाएगा।
यहाँ वे 10 खास बातें हैं जो नवी मुंबई अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे को विशेष बनाती हैं:
1. ‘पूरी तरह डिजिटल’ एयरपोर्ट और एआई का इस्तेमाल:
NMIA को भारत का पहला ‘पूरी तरह डिजिटल’ एयरपोर्ट कहा जा रहा है। यहां यात्रियों के लिए बायोमेट्रिक ई-गेट, फेसियल रिकग्निशन बोर्डिंग (DigiYatra), और स्मार्ट बैगेज हैंडलिंग सिस्टम जैसी सुविधाएँ हैं। यात्री प्रवाह और रनवे प्रबंधन के लिए एआई-पावर्ड प्रेडिक्टिव सिस्टम का इस्तेमाल होगा।
2. राष्ट्रीय पुष्प ‘कमल’ से प्रेरित डिज़ाइन:
हवाई अड्डे के टर्मिनल का डिज़ाइन भारत के राष्ट्रीय फूल ‘कमल’ से प्रेरित है। Zaha Hadid Architects द्वारा डिज़ाइन की गई इस संरचना में कमल की पंखुड़ियों जैसे 12 मूर्तिकला स्तंभ और छत को सहारा देने वाले 17 मेगा स्तंभ शामिल हैं। यह डिज़ाइन भारतीय संस्कृति और आधुनिक वास्तुकला का मिश्रण है।
3. मल्टीमॉडल कनेक्टिविटी हब:
NMIA भारत का पहला पूरी तरह से मल्टीमॉडल एयरपोर्ट होगा। यह यात्रियों को सड़क, मेट्रो, उपनगरीय रेल, वॉटर टैक्सी और मुंबई ट्रांस हार्बर लिंक (MTHL) जैसे कई परिवहन नेटवर्कों से सीधे जोड़ेगा, जिससे यात्रा बेहद आसान हो जाएगी।
4. वॉटर टैक्सी कनेक्टिविटी:
यह हवाई अड्डा भारत में वॉटर टैक्सी से जुड़ने वाला पहला एयरपोर्ट होगा। यह मुंबई और नवी मुंबई के बीच एक नया, पर्यावरण-अनुकूल आवागमन विकल्प प्रदान करेगा।
5. ऑटोमेटेड पीपल मूवर (APM) सिस्टम:
भविष्य में, सभी चार यात्री टर्मिनलों को जोड़ने के लिए एक स्वचालित ‘ऑटोमेटेड पीपल मूवर’ (APM) सिस्टम होगा, जिससे इंटर-टर्मिनल स्थानांतरण (inter-terminal transfers) निर्बाध हो जाएगा।
6. सस्टेनेबल एविएशन फ्यूल (SAF) की सुविधा:
पर्यावरण की दिशा में एक बड़े कदम के रूप में, NMIA में ‘सस्टेनेबल एविएशन फ्यूल’ (SAF) के लिए समर्पित भंडारण सुविधा (1,200 KL क्षमता) होगी। इसके अलावा, हवाई अड्डे की ऊर्जा ज़रूरतों को पूरा करने के लिए लगभग 47 मेगावॉट सौर ऊर्जा का उत्पादन किया जाएगा।
7. अत्याधुनिक कार्गो हब:
यह हवाई अड्डा एक महत्वपूर्ण कार्गो परिवहन केंद्र के रूप में उभरेगा। इसमें फार्मास्यूटिकल्स और खराब होने वाले सामानों (perishables) के लिए तापमान-नियंत्रित ज़ोन, डिजिटल ट्रैकिंग और एक्सप्रेस कार्गो के लिए समर्पित अनुभागों के साथ पूरी तरह से स्वचालित कार्गो टर्मिनल होगा।
8. भारत की सबसे बड़ी MRO सुविधा:
NMIA में भारत की सबसे बड़ी विमान रखरखाव, मरम्मत और ओवरहॉल (Maintenance, Repair, and Overhaul – MRO) सुविधा होगी। यह भारत को वैश्विक विमानन सेवाओं के नक्शे पर मज़बूत करेगा।
9. विशाल क्षमता और चरणबद्ध विस्तार:
शुरुआती चरण में, यह हवाई अड्डा प्रति वर्ष 20 मिलियन (2 करोड़) यात्रियों को संभाल सकता है। पूर्ण होने पर, इसकी वार्षिक यात्री क्षमता 90 मिलियन (9 करोड़) और कार्गो क्षमता 3.25 मिलियन मीट्रिक टन तक बढ़ जाएगी, जिससे यह एशिया के सबसे बड़े हवाई अड्डों में से एक बन जाएगा।
10. उन्नत यात्री सुविधाएँ:
यात्रियों के लिए NMIA में विशेष ‘डिजिटल आर्ट प्रोग्राम’, 4,000 वर्ग फुट की एलईडी स्क्रीन, बच्चों के लिए प्ले ज़ोन, ‘ट्रांजिट/डे होटल’ (80 कमरे), और 500 यात्रियों के लिए वीआईपी लाउंज जैसी आधुनिक सुविधाएँ शामिल हैं। साथ ही, यात्री एयरपोर्ट ऐप के ज़रिए कहीं से भी भोजन ऑर्डर करके उसे डिलीवर करवा सकते हैं।
