मॉस्को: रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने रविवार को यूक्रेन के साथ चल रहे युद्ध को समाप्त करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए 15 मई को इस्तांबुल में ‘बिना किसी पूर्व शर्त’ के सीधी बातचीत का प्रस्ताव रखा है। यह प्रस्ताव उस समय आया है जब युद्ध को दो साल से अधिक हो चुके हैं और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शांति की अपीलें तेज हो रही हैं।
पुतिन ने एक टेलीविजन संबोधन में कहा, “रूस शांति का इच्छुक है और हम किसी भी तर्कसंगत समाधान के लिए तैयार हैं। हमने यूक्रेन के साथ 15 मई को इस्तांबुल में सीधी बातचीत का प्रस्ताव दिया है — बिना किसी पूर्व शर्त के।”
हालांकि, यूक्रेन की ओर से अभी तक इस प्रस्ताव पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। यूक्रेनी अधिकारियों ने पहले कई बार दोहराया है कि किसी भी वार्ता से पहले रूस को कब्जाए गए क्षेत्रों से पीछे हटना होगा।
इस बीच, तुर्की के राष्ट्रपति रेचेप तैय्यप एर्दोआन ने दोनों देशों के बीच मध्यस्थता की भूमिका निभाने की पेशकश की है और इस्तांबुल में वार्ता आयोजित करने की सहमति दी है।
विशेषज्ञों का मानना है कि अगर यह बैठक होती है, तो यह युद्ध के समाधान की दिशा में एक बड़ा कदम साबित हो सकता है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय की निगाहें अब यूक्रेन की प्रतिक्रिया पर टिकी हैं।
