SOURCE News Bytes
नई दिल्ली: प्रजनन स्वास्थ्य को लेकर जागरूकता बढ़ाते हुए स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि धूम्रपान और शराब का सेवन महिलाओं और पुरुषों दोनों की प्रजनन क्षमता पर गंभीर असर डाल सकता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि ये आदतें हार्मोनल असंतुलन, शुक्राणुओं की गुणवत्ता में गिरावट, अंडाणु उत्पादन में रुकावट और गर्भधारण की संभावनाओं को कम कर सकती हैं।
महिलाओं पर प्रभाव:
डॉक्टरों के अनुसार, शराब और धूम्रपान से महिलाओं में ओवुलेशन की प्रक्रिया बाधित हो सकती है। इसके अलावा, यह गर्भाशय की परत को कमजोर करता है, जिससे भ्रूण के टिकने में परेशानी होती है।
पुरुषों पर प्रभाव:
पुरुषों में धूम्रपान और अत्यधिक शराब सेवन से शुक्राणुओं की संख्या और गतिशीलता घट जाती है। इससे नपुंसकता या बांझपन का खतरा बढ़ जाता है।
लाइफस्टाइल में सुधार की सलाह
AIIMS और अन्य प्रमुख संस्थानों के डॉक्टरों ने युवाओं से अपील की है कि वे प्रजनन क्षमता बनाए रखने के लिए धूम्रपान और शराब से दूरी बनाएं, संतुलित आहार लें और नियमित व्यायाम करें।
निष्कर्ष:
बढ़ती उम्र के साथ-साथ यदि व्यक्ति इन आदतों को नहीं छोड़ता है, तो संतान प्राप्ति में देरी या असंभवता की स्थिति बन सकती है। विशेषज्ञों ने यह भी कहा कि शादी से पहले या फैमिली प्लानिंग से पूर्व इन आदतों पर नियंत्रण बेहद जरूरी है।
